सटीक समाचार, मुंबई। JIO IPO: जियो प्लेटफॉर्म्स ने भारत का अब तक के सबसे बड़ा आईपीओ (IPO) आने से पहले अगले दौर की ग्रोथ का रोडमैप सामने रखा है। जियो प्लेटफॉर्म्स के मैनेजिंग डायरेक्टर आकाश अंबानी ने मोबिलिटी, होम और एंटरप्राइज-इंटरनेशनल को कंपनी के तीन बड़े ग्रोथ इंजन बताया। बता दें कि जियो का आईपीओ (IPO) 21 अक्टूबर को लाने की तैयारी में है। इस दौरान ईशा अंबानी ने भी जियो की शुरूआत और अब तक की यात्रा के बारे में बताया।
आकाश अंबानी ने प्रेस कान्फ्रेंंस में जियो का अगले दौर का रोडमैप सामने रखा
मुंबई में पत्रकारों के साथ बातचीत में आकाश अंबानी ने कहा कि कंपनी के अगले ग्रोथ के रोडमैप के संग उसकी आगे की भूमिका को भी सामने रखा। उन्होंने कहा कि कंपनी का मानना है कि टेक्नोलॉजी, डिजिटल गेटवे और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर के दम पर वह FY31 (वर्ष 2030-31) तक भारत की करीब 1.4 ट्रिलियन डॉलर की डिजिटल इकोनॉमी में बड़ी भूमिका निभा सकती है।

आकाश ने कहा, जियो फोकस बेहतर और किफायती डिजिटल सेवाएं देना
आकाश अंबानी ने कहा, ‘हमारे बिजनेस की सबसे महत्वपूर्ण इकाई हमारा ग्राहक है।’ उन्होंने कहा कि जियो का फोकस हर भारतीय, हर घर और हर एंटरप्राइज को बेहतर और किफायती डिजिटल सेवाएं देने पर रहेगा। जियो के पास फिलहाल करीब 53.3 करोड़ कनेक्टिविटी ग्राहक हैं। इसके साथ ही कंपनी भारत के 60% से ज्यादा डेटा ट्रैफिक को संभालती है।
जियो अगले पांच वर्ष में 34 करोड़ का ग्राहक बाजार देख रहा है
कंपनी मोबिलिटी में अगले पांच वर्षों में करीब 34 करोड़ नए 4G और 5G ग्राहकों का बाजार देख रही है। आकाश के मुताबिक इसमें करीब 10 करोड़ ऐसे नए ग्राहक होंगे जो पहली बार मोबाइल कनेक्शन लेंगे। इसके अतिरिक्त करीब 24 करोड़ ग्राहक 2G से 4G और 5G की ओर बढ़ सकते हैं। FY26 (वर्ष 2025-26) में जियो के नेट एक्टिव मोबाइल ग्राहक दूसरे नंबर के ऑपरेटर के मुकाबले करीब तीन गुना ज्यादा बढ़े।

कंपनी के अनुसार, होम ब्रॉडबैंड आने वाले वर्षों में बड़ा ग्रोथ इंजन
इसके साथ ही कंपनी होम ब्रॉडबैंड को आने वाले वर्षों का बड़ा ग्रोथ इंजन मान रही है। आकश अंबानी ने बताय कि जियो के अभी करीब 2.86 करोड़ फिक्स्ड ब्रॉडबैंड ग्राहक हैं और कंपनी इस बेस को आगे 10 करोड़ घरों तक ले जाना चाहती है। FY26 में देश में जुड़े कुल नए फिक्स्ड ब्रॉडबैंड कनेक्शनों में करीब 67.5% हिस्सेदारी जियो की रही। आकाश ने बताया कि कंपनी फाइबर के साथ अपनी वायरलेस टेक्नोलॉजी के जरिए देश के 19,000 पिन कोड तक पहुंच बढ़ा रही है।
तीसरा ग्रोथ इंजन एंटरप्राइज और अंतरराष्ट्रीय कारोबार
आकाश अंबानी के अनुसार, तीसरा ग्रोथ इंजन एंटरप्राइज और अंतरराष्ट्रीय कारोबार है। जियो भारत में करीब 5.1 लाख करोड़ रुपये यानी 56.8 अरब डॉलर का एंटरप्राइज डिजिटल सर्विसेज बाजार देख रहा है। आकाश के मुताबिक देश की लगभग 65% बैंक शाखाएं जियो नेटवर्क से जुड़ी हैं।
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जियो अपनी एंड टू एंड टेक्नोलॉजी को विदेशी बाजारों तक ले जाना चाहता है
उन्होंंने बताया कि जियो अपनी बनाई एंड-टू-एंड टेक्नोलॉजी स्टैक को चुनिंदा विदेशी बाजारों में भी मॉनेटाइज करना चाहता है। कंपनी की योजना सिर्फ सॉफ्टवेयर बेचने की नहीं, बल्कि ग्लोबल टेलीकॉम कंपनियों के साथ मैनेज्ड सर्विस पार्टनर के रूप में काम करने की है। आकाश ने कहा कि इससे भारत टेक्नोलॉजी आयातक से टेक्नोलॉजी निर्यातक बनने की दिशा में आगे बढ़ सकता है।

ईशा अंबानी ने जियो की शुरुआत को लेकर रिलायंस की कारोबारी सोच को रखा
इससे पहले ईशा अंबानी ने जियो की शुरुआत और रिलायंस की कारोबारी सोच का जिक्र किया और कहा कि कंपनी लंबे समय की सोच, बड़े पैमाने, मजबूत एक्जीक्यूशन और वित्तीय अनुशासन पर भरोसा करती है। प्रेस कॉन्फ्रेंस की शुरुआत उदय कोटक ने रिलायंस के संस्थापक धीरूभाई अंबानी और 1977 के रिलायंस IPO को याद करते हुए की।

