जम्‍मू के कठुआ के पास CISF के हेड कांस्‍टेबल ने की अंंधाधुंध फायरिंग, चार जवानों की मौत

बसोहली पावर प्रोजेक्‍ट के पास साथी जवान की फायरिंग में मारे गए जवान एसआइ लक्ष्‍मण सिंह, कांस्‍टेबल संजीबव कुमार, सहायक कमांडेंट अंकित कुमार और कांस्‍टेबल रफीक अहमद। (फोटो सौजन्‍य साेशल मीडिया)
बसोहली पावर प्रोजेक्‍ट के पास साथी जवान की फायरिंग में मारे गए जवान एसआइ लक्ष्‍मण सिंह, कांस्‍टेबल संजीबव कुमार, सहायक कमांडेंट अंकित कुमार और कांस्‍टेबल रफीक अहमद। (फोटो सौजन्‍य साेशल मीडिया)
Last Updated: 30 Sep, 2026 at 12:37 AM by Sunil Kumar Jha

सटीक समाचार, जम्‍मू। CISF Firing: जम्‍मू कश्‍मीर के कठुआ से बड़ी खबर आई है। सीआइएसएफ (CISF) एक जवान ने साथी जवान के साथ आपसी विवाद में गोलियां चला दीं। इससे चार जवानों की मौत हो जाने का समाचार है। मारे गए जवानों में एक सहायक कमाडेंट शामिल है। आरोपी ने एक साथी जवान से कहासुनी होने के बाद परिसर में घुसकर अंधाधुंध फायरिंग कर दी।

बसोहली पावर प्रोजेक्‍ट के पास हुई वारदात

घटना हिमाचल प्रदेश की सीमा से सटे बसोहली पावर प्रोजेक्‍ट के पास हुई। आरोपी और ये जवान प्रोजेक्‍ट की सुरक्षा के लिए तैनात थे। मारे गए जवानों के नाम सहायक कमांडेंट अंकित कुमार पांडेेय, एसआइइ लक्ष्‍मण सिंह, कांस्‍टेबल संदीप कुमार और कांस्‍टेबल रफीक अहमद शामिल है।

आरोपी हेडकांस्‍टेबल के पास 150 राउंड गोलियां थीं

जानकारी के अनुसार, आरोपी का नाम अभिदेश कुमार सिंह है ओर वह CISF में हेडकांस्‍टेबल है। बताया जाता है कि उसकी एक साथी जवान के साथ कहासुनी हुई थी। इसके बाद वह अपनी सरकारी एके47 राइफल लेकर कार्यालय परिसर में घुस गया और अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।

यह समाचार भी पढ़िये: JioShield से रखें परिवार की सुरक्षा का पूरा ध्‍यान, बच्‍चाें व बुजुर्गों के लोकेशन संग देगा सेफ्टी अलर्ट

बताया जाता है कि उसके पास करीब 150 राउंंड गोलियां थीं और अनुमान है कि उसने सारी चला दीं। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और सेना के जवान मौके पर पहुंचे। साईअइएसएफ के विरिष्‍ठ अधिकारी भी वहां पहुंचे। मामले बताया जाता है कि अभिदेश कुमार सिंह की पहले भी साथियों के साथ बहस हुई थी।

यह समाचार भी पढ़िये: यूएन में ‘India day’, रिलायंस फाउंडेशन ने दिखाया भारत के AI विकास का मॉडल

आरोपी को गिरफ्तार किया गया

आरोपी हेडकांस्‍टेबल को गिरफ्तार कर लिया गया है। वह 2009 बैच का है। उसके खिलाफ कोट ऑफ इंंक्‍वायरी के आदेश दिए गए हैं। वह बि‍हार का रहनेवाला है और उसकी पत्‍नी भी बसोली में सीआईएसएफ तैनात है। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत फैल गई। जवानों की जहां तैनाती थी वह प्रोजेक्‍ट बंद है। 2013 में इसका करीब 300 मीटर लंबा हिस्‍सा बाढ़ के पानी में बह गया था और तभी से यह प्रोजेक्‍ट बंद था। इस प्रोजेक्‍ट का निर्माण 1993 में हुआ था।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *