Sateek Samachar.com, नई दिल्ली।
देश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artifical Intelligence) के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जियो (JIO) ने एआइ क्लासरूम फाउंडेशन कोर्स (AI Classroom Foundation Course) लांच किया है। चार हफ्तों का यह कोर्स एकदम फ्री है और उन सभी के लिए है जो एआइ में हाथ आजमाना चाहते हैं। इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2025 के उद्घाटन के अवसर पर इस कोर्स की घोषणा की गई। बता दें कि सबसे बड़े उद्योगपति मुकेश अंबानी ने पिछले दिनों ‘एआइ फॉर एवरीवन’ (AI For Every One) पर जोर दिया था और इसको लेकर कदम उठाने का संकेत दिया था।
कंपनी के मुताबिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में देश को सुपरपावर बनाने के मिशन को आगे बढ़ाने के लिए जियोपीसी और जियो इंस्टीट्यूट मिलकर AI क्लासरूम शुरू कर रहे हैं। पर्सनल कंप्यूटर, डेस्कटॉप या लैपटॉप इस्तेमाल करने वाला कोई भी व्यक्ति इस कोर्स को कर सकता है। लेकिन, सर्टिफिकेशन केवल जियोपीसी का इस्तेमाल कर कोर्स करने वालों को ही मिलेगा। अन्यों को कंप्लीशन बैज से नवाजा जाएगा। कोर्स को http://www.jio.com/ai-classroom के माध्यम से एक्सेस किया जा सकता है।
एआइ क्लासरूम कोर्स (AI Classroom Course) में शिक्षार्थियों को कई एआइ टूल्स को सीखने समझने का मौका मिलेगा। कोर्स से विद्यार्थियों को एआइ के फंडामेंटल को समझने, अपनी जानकारी और स्टडीज को ऑर्गेनाइज़ करने, डिजाइन्स, स्टोरीज और प्रेजेंटेशन बनाने के साथ समस्याओं के समाधान में एआई का इस्तेमाल करने का अवसर मिलेगा।
कोर्स के लांच के अवसर पर रिलायंस जियो के प्रवक्ता ने कहा कि हम मानते हैं कि तकनीक की असली ताकत हर व्यक्ति को सशक्त बनाने की क्षमता में निहित है। जियो एआई क्लासरूम के लांांच के साथ हम युवाओं को एआइ के लिए तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठा रहे हैं। यह पहल स्कूली बच्चों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से परिचित कराएगी। हम जियोपीसी और जियो इंस्टीट्यूट की सुलभता और शैक्षणिक उत्कृष्टता का एआई की शिक्षा में इस्तेमाल करने को प्रतिबद्ध हैं। यह पहल एआई शिक्षा को सभी के लिए उपलब्ध कराएगी और यह सुनिश्चित करेगी कि एआई क्रांति में कोई भी पीछे न छूट जाए।
जियोपीसी उपयोगकर्ता होम स्क्रीन पर डेस्कटॉप शॉर्टकट के माध्यम से कोर्स तक पहुंच सकते हैं। यह कोर्स मोबाइल पर काम नहीं करेगा। जियोपीसी से कोर्स करने वालों को एडवांस एआई टूल्स तक पहुँच मिलेगी। साथ ही कोर्स पूरा करने पर जियो इंस्टीट्यूट से एक प्रमाणपत्र भी मिलेगा।

